जिस घर में बच्चे हों और घर एकदम साफ दिखे... तो समझ लेना बचपन छीन लिया गया 🙏
बचपन की स्वतंत्रता

जिस घर में बच्चे हों और घर एकदम साफ दिखे... तो समझ लेना बचपन छीन लिया गया 🙏

In Homes with Children, Cleanliness Indicates Lost Childhood

Ainand Maharaj0:374 जुलाई 2026
बचपन की रौनक को बनाए रखने के लिए बच्चों को खेलने की स्वतंत्रता दें।

बच्चों के बचपन को संरक्षित करने के लिए उन्हें स्वतंत्रता और खेल का अवसर देना आवश्यक है।

पूरा प्रवचन

जिस घर में छोटे-छोटे बालक हों, और घर हर समय एकदम साफ-सुथरा दिखे, दीवार पर एक निशान नहीं, खिलौना इधर-उधर नहीं, किताब-कॉपी सब सीधी रखी हो, तो समझ लेना उस घर में बच्चों का बचपन उनसे छीन लिया गया है। और जिस घर में बच्चे हों, वहाँ खिलौने बिखरेंगे, दीवार पर पेंसिल चलेगी, कभी कॉपी फटेगी, कभी किताब इधर-उधर मिलेगी। ये उधम बुरा नहीं है रे। यही तो बचपन की रौनक है। संस्कार जरूर दो, पर इतना कंट्रोल मत करो कि बालक डर-डर के जिए। घर फिर साफ हो जाएगा, दीवार फिर रंग जाएगी, पर बचपन दोबारा लौटकर नहीं आएगा। बात मन में धर लेना। राधे-राधे।

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